जगदीशपुर थाना परिसर में एसएसपी प्रमोद कुमार यादव ने किया बैरक का उद्घाटन
गोराडीह (भागलपुर): भागलपुर जिले के पुलिस प्रशासन ने महिला सुरक्षा और महिला पुलिसकर्मियों की कार्यक्षमता को बढ़ाने की दिशा में एक और बड़ा कदम उठाया है। शुक्रवार को गोराडीह के जगदीशपुर थाना परिसर में नवनिर्मित महिला सिपाही बैरक का उद्घाटन भागलपुर के एसएसपी प्रमोद कुमार यादव ने फीता काटकर किया। इस अवसर पर पुलिस विभाग के कई वरिष्ठ अधिकारी और स्थानीय जनप्रतिनिधि भी मौजूद रहे। इस अत्याधुनिक बैरक के निर्माण से महिला पुलिसकर्मियों को अब एक सुरक्षित और आरामदायक आवास सुविधा मिल सकेगी।
उद्घाटन और निरीक्षण: सुविधाओं पर एसएसपी की पैनी नजर
उद्घाटन के उपरांत एसएसपी प्रमोद कुमार यादव ने बैरक के भीतर जाकर वहां उपलब्ध व्यवस्थाओं का बारीकी से निरीक्षण किया। उन्होंने बैरक में बिजली, पानी, सुरक्षा और स्वच्छता से जुड़ी सुविधाओं का जायजा लिया। एसएसपी ने संबंधित अधिकारियों से कहा कि महिला पुलिसकर्मियों को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो, यह सुनिश्चित करना विभाग की प्राथमिकता है।
निरीक्षण के दौरान उन्होंने निर्माण कार्य की गुणवत्ता की भी सराहना की और निर्देश दिया कि परिसर के आसपास सुरक्षा की दृष्टि से और भी बेहतर इंतजाम किए जाएं।
एसएसपी का संदेश: 'महिला पुलिसकर्मियों की बढ़ती भागीदारी और सुरक्षा'
मीडिया से मुखातिब होते हुए एसएसपी प्रमोद कुमार यादव ने कहा कि आज के दौर में पुलिस बल में महिलाओं की भागीदारी तेजी से बढ़ रही है। महिला पुलिसकर्मी फील्ड से लेकर थाना स्तर तक हर मोर्चे पर अपनी जिम्मेदारी पूरी निष्ठा से निभा रही हैं। उन्होंने कहा:
"महिला पुलिसकर्मियों की संख्या बढ़ रही है, इसलिए यह अनिवार्य हो गया है कि उन्हें काम के अनुकूल सुरक्षित और आरामदायक आवास उपलब्ध कराया जाए। जब पुलिसकर्मी तनावमुक्त वातावरण में रहेंगे, तभी वे आम जनता की बेहतर सेवा कर पाएंगे। यह बैरक महिला पुलिसकर्मियों के मनोबल को बढ़ाने की दिशा में एक छोटा सा प्रयास है।"
एसएसपी ने यह भी जोड़ा कि विभाग पूरे जिले में पुलिस बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए प्रतिबद्ध है, ताकि पुलिस कर्मियों को अपने कर्तव्यों का निर्वहन करने में कोई बाधा न आए।
बैरक की प्रमुख विशेषताएं
जगदीशपुर थाना परिसर में निर्मित यह नया बैरक आधुनिक सुविधाओं से लैस है:
सुरक्षित वातावरण: बैरक को इस तरह डिजाइन किया गया है कि वहां महिला पुलिसकर्मियों को पूर्ण सुरक्षा का अहसास हो।
आधुनिक सुविधाएं: इसमें रहने के लिए पर्याप्त कमरे, स्वच्छता के लिए बेहतर सैनिटेशन और आराम करने के लिए बेहतर फर्नीचर की व्यवस्था है।
स्वच्छता का विशेष ध्यान: बैरक में प्रकाश और हवा के आवागमन (Ventilation) की समुचित व्यवस्था की गई है, जो स्वास्थ्य के दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण है।
स्थानीय पुलिस और महिला कर्मियों में उत्साह
जगदीशपुर थाने में तैनात महिला पुलिसकर्मियों ने इस नई सुविधा के लिए एसएसपी का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि पहले आवास को लेकर जो चुनौतियां आती थीं, अब इस नए बैरक के निर्माण से उन समस्याओं का समाधान हो गया है। एक महिला आरक्षी ने बताया, "थाने पर आवास की बेहतर व्यवस्था होने से हम अपनी ड्यूटी को और अधिक एकाग्रता के साथ कर सकेंगी।"
पुलिसिंग को मिलेगी नई गति
जानकारों का मानना है कि बुनियादी ढांचे में सुधार का सीधा असर पुलिसिंग पर पड़ता है। जगदीशपुर थाने में महिला पुलिसकर्मियों के लिए समर्पित बैरक होने से उनके कार्य करने की क्षमता बढ़ेगी। इससे अपराध नियंत्रण और कानून-व्यवस्था के प्रति पुलिस की प्रतिक्रिया दर (Response Rate) में भी सुधार आएगा।
कानून-व्यवस्था पर एसएसपी का जोर
उद्घाटन कार्यक्रम के बाद एसएसपी ने जगदीशपुर थाना क्षेत्र की वर्तमान कानून-व्यवस्था की स्थिति की समीक्षा भी की। उन्होंने थाना प्रभारी को निर्देश दिए कि क्षेत्र में अपराधियों पर कड़ी नजर रखी जाए और महिला संबंधी अपराधों के प्रति जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई जाए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि पुलिस को जनता के प्रति संवेदनशील और अपराधियों के प्रति सख्त होना होगा।
जगदीशपुर थाना परिसर में आयोजित इस समारोह में स्थानीय लोगों ने भी हिस्सा लिया और इस कार्य की सराहना की। लोगों ने कहा कि महिला पुलिसकर्मियों की जरूरतों को प्राथमिकता देना एक प्रशंसनीय कदम है। कार्यक्रम का समापन एसएसपी द्वारा परिसर में वृक्षारोपण के साथ हुआ, जहां उन्होंने पर्यावरण के प्रति भी पुलिस की जिम्मेदारी को रेखांकित किया।
यह नई पहल न केवल महिला पुलिसकर्मियों के लिए एक स्वागत योग्य कदम है, बल्कि यह भागलपुर पुलिस के उस मिशन का हिस्सा है, जिसके तहत पुलिसकर्मियों के कार्य वातावरण में सुधार लाकर जिले में बेहतर सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित की जा रही है।