कहलगांव में राष्ट्रीय उच्च पथ परियोजनाओं की उच्चस्तरीय समीक्षा पथ निर्माण मंत्री ई. कुमार शैलेंद्र की अध्यक्षता में हुई बैठक, कुआं पुल की मरम्मती को दी गई सर्वोच्च प्राथमिकता

भागलपुर: बिहार में सड़क बुनियादी ढांचे को सुदृढ़ करने और यातायात व्यवस्था को सुगम बनाने की दिशा में राज्य सरकार ने एक बार फिर अपनी प्रतिबद्धता दोहराई है। इसी कड़ी में भागलपुर जिले के कहलगांव में पथ निर्माण विभाग के माननीय मंत्री इंजीनियर कुमार शैलेंद्र की अध्यक्षता में एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इस महत्वपूर्ण बैठक में भागलपुर जिले के अंतर्गत चल रही विभिन्न राष्ट्रीय उच्च पथ (NH) परियोजनाओं की वर्तमान प्रगति की बिंदुवार समीक्षा की गई। बैठक के दौरान विशेष रूप से कुआं पुल की मरम्मती और रख-रखाव के कार्यों पर गंभीर चर्चा करते हुए मंत्री ने संबंधित अधिकारियों को कड़ी हिदायत दी कि वे इस कार्य को सर्वोच्च प्राथमिकता के आधार पर समयसीमा के भीतर पूरा करें।

समीक्षा बैठक के मुख्य बिंदु और प्रशासनिक मंथन

कहलगांव में आयोजित इस उच्चस्तरीय बैठक में विभागीय अधिकारियों, स्थानीय अभियंतुओं और तकनीकी विशेषज्ञों ने हिस्सा लिया:

सड़कों और पुलों की स्थिति का जायजा: मंत्री ई. कुमार शैलेंद्र ने भागलपुर जिले के विभिन्न राष्ट्रीय राजमार्गों पर चल रहे निर्माण, चौड़ीकरण और मरम्मत कार्यों की प्रगति रिपोर्ट तलब की। उन्होंने एक-एक परियोजना की भौतिक और वित्तीय प्रगति की समीक्षा की।

यातायात सुगमता पर जोर: बैठक का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना था कि क्षेत्र के लोगों को आवागमन में किसी भी प्रकार की कठिनाई का सामना न करना पड़े और माल ढुलाई तथा यात्री परिवहन सुचारू रूप से चलता रहे।

गुणवत्ता और समयबद्धता: मंत्री ने दो टूक शब्दों में अधिकारियों को निर्देश दिया कि निर्माण कार्यों की गुणवत्ता में किसी भी प्रकार की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी परियोजनाओं को तय समय सीमा के भीतर पूरा करना सुनिश्चित किया जाए।

कुआं पुल की मरम्मती पर रहा विशेष फोकस

समीक्षा बैठक के दौरान सबसे महत्वपूर्ण चर्चा क्षेत्र के अत्यंत महत्वपूर्ण कुआं पुल की मरम्मती को लेकर हुई:

तत्काल मरम्मत की आवश्यकता: अधिकारियों ने मंत्री को अवगत कराया कि कुआं पुल की संरचनात्मक स्थिति और उसकी तात्कालिक मरम्मत कितनी आवश्यक है ताकि आवागमन बाधित न हो और किसी भी संभावित दुर्घटना से बचा जा सके।

प्राथमिकता के आधार पर कार्य: मंत्री ई. कुमार शैलेंद्र ने कुआं पुल की मरम्मती के प्रस्ताव को हरी झंडी देते हुए संबंधित विंग के अभियंताओं को निर्देश दिया कि वे इस कार्य को अपनी टॉप प्रायोरिटी सूची में रखें।

तकनीकी देखरेख में तेजी: उन्होंने निर्देश दिया कि पुल के जीर्णोद्धार और मरम्मती के कार्य में आधुनिक तकनीकों का इस्तेमाल किया जाए और इसे युद्धस्तर पर पूरा किया जाए ताकि स्थानीय जनता को जल्द से जल्द सुरक्षित और सुगम यातायात की सुविधा मिल सके।

अधिकारियों को कड़ी चेतावनी और दिशा-निर्देश

बैठक के अंत में पथ निर्माण मंत्री ने लापरवाह एजेंसियों और सुस्त कार्यशैली अपनाने वाले अधिकारियों को कड़ी फटकार लगाई:

मॉनिटरिंग और औचक निरीक्षण: मंत्री ने स्पष्ट किया कि वे स्वयं इन परियोजनाओं के कार्यों की नियमित मॉनिटरिंग करेंगे और समय-समय पर स्थलीय निरीक्षण के लिए क्षेत्र में आएंगे।

समन्वय स्थापित करने पर जोर: उन्होंने जिला प्रशासन और पथ निर्माण विभाग के अधिकारियों के बीच बेहतर तालमेल बिठाने की बात कही, ताकि भूमि अधिग्रहण या अन्य तकनीकी बाधाओं को तुरंत दूर किया जा सके।

कहलगांव में पथ निर्माण मंत्री ई. कुमार शैलेंद्र की अध्यक्षता में हुई राष्ट्रीय उच्च पथ परियोजनाओं की यह समीक्षा बैठक भागलपुर जिले के आधारभूत ढांचे के विकास में एक मील का पत्थर साबित होगी। कुआं पुल की मरम्मती को प्राथमिकता दिए जाने से स्थानीय नागरिकों ने राहत की सांस ली है। यह कदम न केवल सड़क सुरक्षा को बढ़ावा देगा, बल्कि क्षेत्र के आर्थिक और सामाजिक विकास को भी गति प्रदान करेगा।