रेलवे की बड़ी तकनीकी पहल; भागलपुर में 1 और 2 अगस्त को एक व दो नंबर रेलवे गुमटी के पास होगा आधुनिक अंडरपास का निर्माण, बाहर से मंगाई गई भारी-भरकम क्रेन, सात मीटर गहरे गड्ढे की होगी खुदाई

भागलपुर, विशेष संवाददाता: सिल्क सिटी भागलपुर के निवासियों और दैनिक रेल यात्रियों के लिए एक राहत भरी और महत्वपूर्ण खबर सामने आ रही है। शहर में यातायात की पुरानी और गंभीर समस्या बन चुके रेलवे क्रॉसिंग पर जाम के झंझट से मुक्ति दिलाने के लिए रेलवे प्रशासन ने अब ठोस और तीव्र कदम उठाने शुरू कर दिए हैं। इसी कड़ी में, शहर के व्यस्ततम क्षेत्रों में शुमार एक और दो नंबर रेलवे गुमटी के पास आधुनिक अंडरपास के निर्माण का कार्य आगामी 31 जुलाई और 2 अगस्त को युद्ध स्तर पर पूरा किया जाएगा। इस वृहद निर्माण कार्य को तय समयसीमा के भीतर और पूरी सुरक्षा के साथ अंजाम देने के लिए विशेष रूप से बाहर से आधुनिक क्रेन और भारी मशीनें मंगाई गई हैं। रेलवे के वरिष्ठ अधिकारियों के अनुसार, इस परियोजना के तहत जमीन की गहराई में सटीक तकनीकी कार्य किया जाएगा, जिससे भविष्य में शहर की कनेक्टिविटी को एक नया आयाम मिलेगा।

रेलवे अधिकारी ओपी भगत का बयान: सात मीटर गहरे गड्ढे की होगी खुदाई

इस पूरे निर्माण कार्य की तकनीकी रूपरेखा साझा करते हुए रेलवे के जिम्मेदार अधिकारी ओपी भगत ने बताया कि यह कार्य बेहद चुनौतीपूर्ण और तकनीकी रूप से उच्च कोटि का है।

सात मीटर गहरा होगा गड्ढा: अधिकारी ओपी भगत ने जानकारी दी कि अंडरपास के बॉक्स को सही जगह पर स्थापित करने के लिए रेलवे ट्रैक के नीचे लगभग सात मीटर गहरा गड्ढा किया जाएगा। इतनी गहराई तक खुदाई करने के लिए अत्याधुनिक अर्थमूविंग मशीनों और विशेष रूप से बाहर से मंगाई गई उच्च क्षमता वाली क्रेन का उपयोग किया जा रहा है।

सुरक्षित और त्वरित तकनीक: रेलवे का प्रयास है कि कम से कम समय में इस बड़े कार्य को पूरा किया जाए ताकि ट्रेनों के परिचालन पर न्यूनतम असर पड़े और सड़क मार्ग को भी जल्द से जल्द आवागमन के लिए सुगम बनाया जा सके। सुरक्षा के सभी मानकों का पूरी कड़ाई से पालन किया जा रहा है, ताकि कार्य के दौरान किसी भी प्रकार की असुविधा या तकनीकी बाधा से बचा जा सके।

1 और 2 अगस्त को तय किया गया विशेष ब्लॉक समय

भारी-भरकम क्रेन और अंडरपास निर्माण के इस तकनीकी कार्य के मद्देनजर रेलवे ने ट्रैफिक और पावर ब्लॉक (Traffic and Power Block) की विशेष योजना बनाई है:

ट्रेनों के परिचालन में बदलाव: 31 जुलाई से लेकर 2 अगस्त के बीच निर्धारित तिथियों पर इस बड़े कार्य को अंजाम देने के दौरान कुछ समय के लिए ट्रेनों के आवागमन को नियंत्रित (Regulation/Diversion) किया जा सकता है। रेलवे अधिकारियों ने यात्रियों से अपील की है कि वे अपनी यात्रा शुरू करने से पहले ट्रेनों की अद्यतन स्थिति (Live Status) जरूर जांच लें।

युद्ध स्तर पर काम: रेलवे इंजीनियरों और तकनीकी विशेषज्ञों की टीम लगातार मौके पर कैंप कर रही है ताकि तय समय-सीमा के भीतर बॉक्स पुशिंग और अंडरपास निर्माण के सभी चरण सफलतापूर्वक पूरे किए जा सकें।

शहरवासियों को मिलेगी जाम से स्थायी मुक्ति

भागलपुर रेलवे स्टेशन के आसपास स्थित एक और दो नंबर गुमटी पर ट्रेनों के गुजरने के दौरान लगने वाले लंबे ट्रैफिक जाम से हर कोई वाकिफ है:

दैनिक यात्रियों की परेशानी: इस क्षेत्र में स्कूल जाने वाले बच्चे, ऑफिस जाने वाले कर्मचारी और आम नागरिक घंटों तक रेलवे गेट बंद होने के कारण फंसे रहते थे। कई बार गंभीर मरीजों को ले जाने वाली एम्बुलेंस भी इस जाम में फंस जाती थी।

स्मार्ट कनेक्टिविटी की ओर कदम: अंडरपास के बन जाने से वाहन चालकों और पैदल यात्रियों को ट्रेन आने के समय भी रेलवे गेट खुलने का इंतजार नहीं करना पड़ेगा। वे बिना किसी बाधा के एक से दूसरे छोर तक आ-जा सकेंगे। शहरवासियों ने रेलवे प्रशासन और स्थानीय अधिकारियों की इस पहल का स्वागत किया है।

भागलपुर में एक और दो नंबर रेलवे गुमटी के पास 31 जुलाई और 2 अगस्त को होने जा रहा यह अंडरपास निर्माण शहर के बुनियादी ढांचे के विकास में एक मील का पत्थर साबित होने जा रहा है। सात मीटर गहरे गड्ढे की खुदाई और बाहर से मंगाई गई क्रेन के जरिए हो रहा यह हाई-तकनीक निर्माण इस बात का गवाह है कि प्रशासन जनता को सुगम यातायात और बेहतर सुविधाएं देने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। थोड़ी सी अस्थायी असुविधा के बाद भागलपुरवासियों को इस जाम की समस्या से हमेशा के लिए निजात मिल जाएगी।