जीछो पोखर के समीप अनियंत्रित होकर पलटा यात्रियों से भरा टोटो; बाल-बाल बचे यात्री
पीरपैंती (भागलपुर): भागलपुर जिले के पीरपैंती बाजार स्थित ऐतिहासिक और धार्मिक महत्व वाले 'जीछो पोखर' के समीप शनिवार को एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। यात्रियों से भरा एक टोटो (ई-रिक्शा) अनियंत्रित होकर पलट गया, जिससे मौके पर अफरातफरी मच गई। गनीमत यह रही कि इस दुर्घटना में किसी भी यात्री को गंभीर चोट नहीं आई, लेकिन घटना ने क्षेत्र में टोटो और ऑटो चालकों द्वारा बरती जा रही लापरवाही के प्रति एक गंभीर सवाल खड़ा कर दिया है।
घटना का विवरण: कैसे हुआ हादसा?
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, शनिवार दोपहर करीब 2 बजे एक टोटो पीरपैंती बाजार से सवारियों को लेकर जा रहा था। जैसे ही टोटो जीछो पोखर के पास तीखे मोड़ पर पहुंचा, चालक ने गति नियंत्रण से बाहर होने के कारण ब्रेक लगाने का प्रयास किया। इसी दौरान टोटो का संतुलन बिगड़ गया और वह सड़क के किनारे पलट गया।
हादसे के वक्त टोटो में आधा दर्जन से अधिक यात्री सवार थे, जिनमें महिलाएं और बच्चे भी शामिल थे। टोटो पलटते ही यात्रियों में चीख-पुकार मच गई। शोर सुनकर आसपास के दुकानदार और राहगीर तुरंत मदद के लिए दौड़े। स्थानीय लोगों की त्वरित तत्परता के कारण सभी यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। हालांकि, कुछ यात्रियों को हल्की खरोंचें और मामूली चोटें आई हैं, जिनका प्राथमिक उपचार स्थानीय क्लिनिक में कराया गया।
जीछो पोखर का मोड़: दुर्घटनाओं का केंद्र
धार्मिक जीछो पोखर पीरपैंती बाजार का एक अत्यंत व्यस्त इलाका है। यहां अक्सर सड़कों पर अतिक्रमण और वाहनों की भारी भीड़ रहती है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यह मोड़ बहुत संकरा है और यहां अक्सर तेज रफ्तार वाहन चालकों की लापरवाही के कारण दुर्घटनाएं होती रहती हैं।
अतिक्रमण की समस्या: सड़क के दोनों ओर अवैध रूप से लगे ठेलों और दुकानों के कारण मुख्य सड़क की चौड़ाई बहुत कम हो गई है।
चालकों की जल्दबाजी: टोटो चालकों द्वारा अधिक कमाई के चक्कर में क्षमता से अधिक सवारियां बैठाना और तंग गलियों में भी तेज रफ्तार में वाहन चलाना आम बात है।
प्रशासनिक उदासीनता और स्थानीय आक्रोश
घटनास्थल पर मौजूद स्थानीय लोगों ने प्रशासन के प्रति अपना आक्रोश व्यक्त किया। उनका कहना है कि इस व्यस्त बाजार में यातायात पुलिस की तैनाती न के बराबर है।
सुरक्षा प्रोटोकॉल की कमी: ज्यादातर टोटो चालकों के पास न तो वैध लाइसेंस है और न ही उन्होंने कोई विशेष प्रशिक्षण लिया है।
सुझाव: ग्रामीणों ने मांग की है कि जीछो पोखर के पास 'स्पीड ब्रेकर' लगाए जाएं और बाजार क्षेत्र में भारी वाहनों व टोटो की रफ्तार पर लगाम लगाने के लिए विशेष निगरानी टीम का गठन किया जाए।
क्या कहते हैं पुलिस अधिकारी?
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। थानाध्यक्ष ने कहा कि टोटो चालक की पहचान कर ली गई है और मामले की जांच की जा रही है। यदि चालक की गलती पाई जाती है, तो उसके खिलाफ मोटर वाहन अधिनियम के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने टोटो मालिकों और चालकों को चेतावनी दी है कि वे सुरक्षित ड्राइविंग के नियमों का पालन करें और सवारियों की जान को जोखिम में न डालें।
बढ़ती टोटो संस्कृति: सुरक्षा के लिए गंभीर कदम अनिवार्य
छोटे कस्बों और पीरपैंती जैसे बाजारों में टोटो आज आम आदमी के लिए परिवहन का मुख्य जरिया बन चुका है। लेकिन, इसके साथ जुड़ी सुरक्षा खामियां अब एक बड़ी चुनौती बन गई हैं। बिना नियम-कानून के दौड़ते ये टोटो न केवल सवारियों के लिए, बल्कि पैदल चलने वालों के लिए भी खतरा बन गए हैं।
यह घटना एक चेतावनी है। जीछो पोखर के समीप हुआ यह हादसा भले ही बड़ा न हो, लेकिन भविष्य में किसी बड़ी अनहोनी को रोकने के लिए नगर पंचायत और पुलिस प्रशासन को ठोस पहल करनी होगी। बाजार में व्यवस्थित पार्किंग और अतिक्रमण मुक्त सड़कें ही ऐसी दुर्घटनाओं पर लगाम लगा सकती हैं।
पीरपैंती के लोग ईश्वर का शुक्र मना रहे हैं कि इस हादसे में किसी की जान नहीं गई। अब देखना यह है कि प्रशासन इस घटना से सबक लेकर भविष्य के लिए क्या कदम उठाता है। क्या पीरपैंती बाजार की सड़कों पर फिर से अनुशासन लौटेगा, या इसी तरह की लापरवाही के बीच यात्री अपनी जान हथेली पर रखकर सफर करने को मजबूर रहेंगे? यह आने वाला समय ही तय करेगा।