मतदान शुरू, 3.79 लाख मतदाता तय करेंगे 25 प्रत्याशियों की किस्मत; भाजपा, राजद और जन सुराज के बीच कड़ा मुकाबला
पटना। बिहार की राजनीति के लिए बेहद अहम माने जा रहे बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव के लिए गुरुवार सुबह 7 बजे से मतदान शुरू हो गया। राजधानी पटना की इस हाई-प्रोफाइल सीट पर सुबह से ही मतदाताओं में उत्साह देखने को मिला और विभिन्न मतदान केंद्रों पर लोग अपने मताधिकार का प्रयोग करने के लिए पहुंचने लगे। निर्वाचन आयोग ने शांतिपूर्ण, निष्पक्ष और पारदर्शी मतदान सुनिश्चित करने के लिए व्यापक सुरक्षा व्यवस्था की है। इस उपचुनाव में 3,79,616 मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग कर 25 प्रत्याशियों के राजनीतिक भविष्य का फैसला करेंगे।
बांकीपुर विधानसभा सीट बिहार की सबसे प्रतिष्ठित और चर्चित सीटों में गिनी जाती है। राजधानी के प्रमुख शहरी क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करने वाली यह सीट लंबे समय से राजनीतिक दलों के लिए प्रतिष्ठा का विषय रही है। यही वजह है कि इस बार का उपचुनाव भी राज्य की राजनीति का केंद्र बन गया है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इस सीट का परिणाम केवल एक विधायक का चुनाव नहीं होगा, बल्कि यह बिहार की बदलती राजनीतिक परिस्थितियों और शहरी मतदाताओं की सोच का भी संकेत देगा।
हालांकि चुनाव मैदान में कुल 25 उम्मीदवार अपनी किस्मत आजमा रहे हैं, लेकिन मुख्य मुकाबला राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) समर्थित भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के उम्मीदवार नीरज सिन्हा, महागठबंधन की ओर से राष्ट्रीय जनता दल (राजद) की उम्मीदवार रेखा गुप्ता और जन सुराज के सूत्रधार प्रशांत किशोर के बीच माना जा रहा है। तीनों पक्षों ने चुनाव प्रचार के दौरान पूरी ताकत झोंक दी और मतदाताओं को अपने पक्ष में करने के लिए व्यापक जनसंपर्क अभियान चलाया।
सुबह मतदान शुरू होते ही कई मतदान केंद्रों पर मतदाताओं की लंबी कतारें देखने को मिलीं। महिलाओं, युवाओं, वरिष्ठ नागरिकों और पहली बार मतदान करने वाले मतदाताओं में विशेष उत्साह दिखाई दिया। चुनाव आयोग ने सभी मतदान केंद्रों पर पेयजल, रैंप, व्हीलचेयर, शौचालय और अन्य आवश्यक सुविधाओं की व्यवस्था की है, ताकि प्रत्येक मतदाता आसानी से मतदान कर सके।
निर्वाचन आयोग ने चुनाव को शांतिपूर्ण और निष्पक्ष बनाने के लिए कड़े सुरक्षा इंतजाम किए हैं। संवेदनशील और अति संवेदनशील मतदान केंद्रों पर अतिरिक्त पुलिस बल तथा केंद्रीय अर्द्धसैनिक बलों की तैनाती की गई है। मतदान प्रक्रिया की निगरानी सीसीटीवी कैमरों, वेबकास्टिंग और माइक्रो ऑब्जर्वरों के माध्यम से की जा रही है। वरिष्ठ प्रशासनिक और पुलिस अधिकारी लगातार विभिन्न मतदान केंद्रों का निरीक्षण कर रहे हैं।
चुनाव आयोग ने मतदाताओं से बिना किसी डर या दबाव के मतदान करने की अपील की है। आयोग ने स्पष्ट किया है कि यदि कोई व्यक्ति मतदाताओं को प्रभावित करने, डराने-धमकाने या चुनाव आचार संहिता का उल्लंघन करने की कोशिश करेगा तो उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही लोगों से सोशल मीडिया पर फैलने वाली अफवाहों से बचने और केवल आधिकारिक जानकारी पर भरोसा करने की भी अपील की गई है।
भाजपा ने अपने चुनाव अभियान में विकास, सड़क, स्मार्ट सिटी परियोजनाएं, शिक्षा, स्वास्थ्य और केंद्र एवं राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को प्रमुख मुद्दा बनाया। पार्टी नेताओं ने दावा किया कि विकास कार्यों के आधार पर जनता एक बार फिर भाजपा के पक्ष में मतदान करेगी।
वहीं राजद ने बेरोजगारी, महंगाई, शिक्षा, स्वास्थ्य, सामाजिक न्याय और कानून-व्यवस्था जैसे मुद्दों को प्रमुखता से उठाया। पार्टी नेताओं का कहना है कि यह चुनाव जनता के सामने अपनी राय व्यक्त करने और बेहतर शासन की मांग करने का अवसर है।
दूसरी ओर जन सुराज के संस्थापक प्रशांत किशोर ने शिक्षा सुधार, रोजगार, भ्रष्टाचार मुक्त प्रशासन, पारदर्शिता और नई राजनीतिक संस्कृति को अपने चुनाव प्रचार का मुख्य आधार बनाया। उन्होंने कहा कि यह उपचुनाव केवल एक विधानसभा सीट का चुनाव नहीं, बल्कि बिहार की नई राजनीति की दिशा तय करने वाला चुनाव है।
स्थानीय स्तर पर सड़क, ट्रैफिक जाम, जलनिकासी, पेयजल, सफाई व्यवस्था, रोजगार, स्वास्थ्य सेवाएं और शहरी विकास जैसे मुद्दे भी मतदाताओं के बीच प्रमुख चर्चा का विषय रहे। सभी उम्मीदवारों ने इन समस्याओं के समाधान का वादा किया और क्षेत्र के समग्र विकास का भरोसा दिलाया।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि बांकीपुर जैसे शहरी क्षेत्र में मतदान प्रतिशत चुनाव परिणाम को प्रभावित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है। विशेष रूप से महिलाओं, युवाओं और पहली बार मतदान करने वाले मतदाताओं की भागीदारी को निर्णायक माना जा रहा है। इसलिए सभी राजनीतिक दल दिनभर मतदान प्रतिशत पर नजर बनाए हुए हैं।
मतदान के दौरान सभी प्रमुख दलों ने अपने अधिकृत एजेंट विभिन्न मतदान केंद्रों पर तैनात किए हैं। चुनाव आयोग के निर्देशानुसार सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाए रखने के लिए उड़नदस्ता दल, निगरानी टीमें और पुलिस की मोबाइल टीमें लगातार गश्त कर रही हैं। किसी भी शिकायत के तत्काल निस्तारण के लिए कंट्रोल रूम भी सक्रिय रखा गया है।
प्रशासन ने मतदाताओं से अपील की है कि वे लोकतंत्र के इस महापर्व में बढ़-चढ़कर भाग लें और बिना किसी भय के अपने मताधिकार का प्रयोग करें। यदि किसी प्रकार की शिकायत हो तो तत्काल निर्वाचन आयोग की हेल्पलाइन या संबंधित अधिकारियों से संपर्क करें।
मतदान समाप्त होने के बाद सभी इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीनों (ईवीएम) को कड़ी सुरक्षा के बीच स्ट्रॉन्ग रूम में रखा जाएगा। निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित तिथि पर मतगणना होगी, जिसके बाद यह स्पष्ट होगा कि बांकीपुर विधानसभा क्षेत्र का प्रतिनिधित्व अगले कार्यकाल में कौन करेगा।
फिलहाल पूरे बांकीपुर विधानसभा क्षेत्र में शांतिपूर्ण ढंग से मतदान जारी है। इस हाई-प्रोफाइल उपचुनाव पर पूरे बिहार की नजर टिकी हुई है, क्योंकि इसके परिणाम न केवल एक महत्वपूर्ण विधानसभा सीट का फैसला करेंगे, बल्कि राज्य की मौजूदा राजनीतिक स्थिति और आगामी चुनावों की दिशा का भी महत्वपूर्ण संकेत देंगे। अब अंतिम फैसला मतदाताओं के हाथ में है और चुनाव परिणाम आने के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि जनता ने किस उम्मीदवार और किस राजनीतिक दल पर सबसे अधिक भरोसा जताया है।