जान पर खतरा! वार्ड-6 के निवासी नीतीश झा ने एसपी से लगाई सुरक्षा की गुहार, तीसरी बार हमले का लगाया आरोप
नवगछिया (भागलपुर): नवगछिया अनुमंडल के सिमरा पंचायत स्थित वार्ड संख्या-6 में कानून-व्यवस्था की स्थिति को लेकर एक गंभीर मामला सामने आया है। गांव के निवासी नीतीश झा उर्फ बबलू झा ने पुलिस अधीक्षक (SP) को एक लिखित आवेदन देकर अपनी जान की रक्षा की गुहार लगाई है। नीतीश झा ने गांव के ही एक प्रभावशाली व्यक्ति पर लगातार जानलेवा हमले करने और बार-बार जान से मारने की धमकी देने का गंभीर आरोप लगाया है।
तीसरी बार जान लेने की साजिश?
नीतीश झा ने अपने आवेदन में इस बात का उल्लेख किया है कि उन पर हुए हमले की यह तीसरी घटना है। उन्होंने बताया कि इससे पहले भी दो बार उन पर जानलेवा हमला किया जा चुका है, जिसमें किसी तरह उनकी जान बची। नीतीश के अनुसार, हालिया घटना में आरोपी ने फिर से उन्हें रास्ते में रोककर जान से मारने का प्रयास किया, जिससे उनके परिवार में दहशत का माहौल है।
पीड़ित का कहना है कि पुरानी रंजिश के कारण आरोपी लगातार उन्हें निशाना बना रहा है। लगातार मिल रही धमकियों से उनका घर से बाहर निकलना मुश्किल हो गया है। उन्होंने प्रशासन से सवाल किया है कि क्या किसी की जान जाने का इंतजार किया जा रहा है?
पुलिस अधीक्षक से न्याय की उम्मीद
नीतीश झा ने आवेदन के माध्यम से पुलिस अधीक्षक से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच करने और दोषी के खिलाफ कठोर कार्रवाई करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि स्थानीय स्तर पर शिकायत करने के बावजूद आरोपी का मनोबल कम नहीं हो रहा है, जिससे उन्हें लगता है कि उनकी जान को खतरा किसी भी क्षण बढ़ सकता है।
उन्होंने एसपी से गुहार लगाई है कि उन्हें तत्काल प्रभाव से सुरक्षा मुहैया कराई जाए, ताकि वे और उनका परिवार सुरक्षित रह सकें। पुलिस अधीक्षक के कार्यालय ने आवेदन प्राप्त कर मामले की गंभीरता को देखते हुए स्थानीय थाना को उचित कार्रवाई का निर्देश दिया है।
गांव में फैली दहशत
नीतीश झा के साथ हुई इस घटना की चर्चा पूरे सिमरा पंचायत में है। ग्रामीणों का कहना है कि दिनदहाड़े इस तरह की धमकियां और हमले समाज में भय का वातावरण पैदा कर रहे हैं। हालांकि, आरोपी पक्ष की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है, लेकिन स्थानीय लोग प्रशासन से इस मामले में तत्काल हस्तक्षेप की मांग कर रहे हैं ताकि गांव की शांति व्यवस्था बनी रहे।
प्रशासन की प्रतिक्रिया और कानूनी प्रक्रिया
पुलिस सूत्रों के अनुसार, आवेदन प्राप्त होने के बाद मामले को प्राथमिकता के आधार पर देखा जा रहा है। पुलिस यह जांच कर रही है कि पूर्व में दर्ज शिकायतों पर क्या कार्रवाई हुई थी और अब नया आवेदन आने के बाद आरोपी के खिलाफ कानूनी कदम उठाए जा रहे हैं। पुलिस ने भरोसा दिलाया है कि किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा, चाहे वह कितना भी प्रभावशाली क्यों न हो।
सुरक्षा और न्याय का सवाल
नीतीश झा का यह मामला व्यक्तिगत सुरक्षा से अधिक समाज में व्याप्त अपराधी तत्वों की मनमानी का प्रतीक है। बार-बार जानलेवा हमलों का आरोप इस बात की ओर संकेत करता है कि मामले को गंभीरता से न लेना बड़ी घटना को न्योता देना हो सकता है। अब सभी की निगाहें पुलिस प्रशासन की कार्रवाई पर टिकी हैं कि वे कितनी जल्दी आरोपी को पकड़कर नीतीश झा और उनके परिवार को सुरक्षा का भरोसा दिलाते हैं।